लखनऊ, 11 अक्टूबर ।लखनऊ- आगरा एक्सप्रेसवे पर 29 सितंबर को हुई भीषण सड़क दुर्घटना में घायल एक सफाईकर्मी की शुक्रवार को मौत हो गई। यह हादसा उन्नाव के बेहटा मुजावर थाना क्षेत्र में हुआ था, जहां सफाईकर्मी सड़क पर कचरा साफ कर रहे थे। अचानक डिवाइडर तोड़ते हुए तेज रफ्तार अर्टिगा कार दूसरी लेन में घुस आई और मजदूरों को रौंद दिया। कार आगे जाकर पलट गई, और लाशें 100 मीटर तक बिखर गईं। इस हादसे में कुल चार सफाईकर्मियों की मौत हो चुकी है।
मृतक की पहचान इंदिरा नगर निवासी रामकिशोर (38) पुत्र गोकरन के रूप में हुई है। वह झब्बाखेड़ा गांव का रहने वाला था और सुबह 9 बजे काम पर पहुंचा था। हादसे के 12 दिन बाद इलाज के दौरान उसकी मौत हुई। शनिवार को उसके इंदिरा नगर स्थित घर के बाहर शोक सभा आयोजित की गई, जहां परिजनों और पड़ोसियों ने श्रद्धांजलि दी। अन्य मृतकों में लवकुश (40) पुत्र रामनाथ (झब्बाखेड़ा निवासी), मुकेश (45) पुत्र राधे (राजाखेड़ा निवासी) और सरवन (35) पुत्र रजपाल (अकबरखेड़ा निवासी) शामिल हैं। दो अन्य घायल, कृष्णपाल (55) और राकेश (40), का इलाज जारी है।
पुलिस ने एक्सप्रेसवे अथॉरिटी के सहयोग से राहत कार्य किया। एसपी उन्नाव डॉ. राकेश कुमार ने बताया कि ड्राइवर की लापरवाही से हादसा हुआ। कार चालक को हिरासत में ले लिया गया है, और वाहन जब्त कर लिया गया। यह घटना एक्सप्रेसवे पर स्पीड लिमिट और सुरक्षा मानकों की अनदेखी को दर्शाती है। पिछले छह महीनों में इस रूट पर 15 से अधिक ऐसी दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, जिसमें 30 से ज्यादा मौतें हुईं। स्वास्थ्य विभाग ने घायलों के लिए मुफ्त इलाज का ऐलान किया है, और मृतकों के परिवार को मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।



