लखनऊ, 29 जुलाई। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में मूसलाधार बारिश और जलभराव की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक आपातकालीन बैठक बुलाई। यह बैठक लखनऊ के लोकभवन में आयोजित की गई, जिसमें नगर निगम, जल निगम, और आपदा प्रबंधन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। भारी बारिश के कारण घंटाघर, हजरतगंज, गोमतीनगर, और हेरिटेज क्षेत्रों में जलभराव की गंभीर समस्या ने शहर की यातायात व्यवस्था और जनजीवन को प्रभावित किया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को जल निकासी के लिए तत्काल कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बारिश के कारण आम जनता को हो रही असुविधा बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने नगर निगम को घंटाघर और हजरतगंज जैसे प्रभावित क्षेत्रों में तुरंत सफाई और जल निकासी की व्यवस्था करने का आदेश दिया। साथ ही, नालियों और सीवर लाइनों की जाम स्थिति को ठीक करने के लिए विशेष टीमें गठित करने को कहा गया है। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जिन क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति गंभीर है, वहां पंपिंग मशीनें तैनात की जाएंगी। मुख्यमंत्री ने आपदा प्रबंधन विभाग को निर्देश दिए कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों को तेज किया जाए और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाए। लखनऊ नगर निगम ने 10 से अधिक पंपिंग स्टेशन शुरू कर दिए हैं, और घंटाघर के पास जल निकासी का कार्य शुरू हो गया है। योगी ने अधिकारियों को चेतावनी दी कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी, और 24 घंटे के भीतर जलभराव की स्थिति में सुधार होना चाहिए। कुछ लोगों का कहना है कि नालियों की नियमित सफाई न होने के कारण यह समस्या हर साल सामने आती है।



