लखनऊ, 30 मई । अलीगढ़ के श्री वैष्णव कॉलेज में एक गंभीर घटना ने सभी को हैरान कर दिया है। कॉलेज की एक छात्रा ने इंग्लिश विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर शजरुद्दीन पर अश्लील मैसेज भेजने और बदतमीजी करने का आरोप लगाया है। इस शिकायत के बाद अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं ने कॉलेज में जमकर हंगामा किया, जिसके बाद पुलिस ने प्रोफेसर को हिरासत में लिया और जांच शुरू कर दी।छात्रा के अनुसार, प्रोफेसर शजरुद्दीन लंबे समय से छात्राओं को अश्लील मैसेज भेज रहे थे और उनका मानसिक उत्पीड़न कर रहे थे। कुछ छात्राओं ने यह भी दावा किया कि प्रोफेसर उन्हें ब्लैकमेल करने की कोशिश करते थे। इस घटना के बाद कॉलेज प्रशासन ने तुरंत एक जांच कमेटी गठित की है, जो इस मामले की तह तक जाएगी।एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने कॉलेज प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए प्रोफेसर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। प्रदर्शनकारियों ने प्रोफेसर को निलंबित करने और कानूनी कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने प्रोफेसर को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और उनके मोबाइल फोन की जांच की जा रही है। यह कोई पहली घटना नहीं है। हाल के महीनों में उत्तर प्रदेश के कई कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में प्रोफेसरों द्वारा छात्राओं के उत्पीड़न की खबरें सामने आई हैं। पिछले महीने लखनऊ के एक कॉलेज में भी एक प्रोफेसर पर इसी तरह के आरोप लगे थे, जिसके बाद उन्हें निलंबित कर दिया गया था। इन घटनाओं ने शैक्षणिक संस्थानों में सुरक्षा और नैतिकता के मुद्दों को गंभीरता से उठाया है। लोगों का कहना है कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कॉलेजों में सख्त निगरानी, शिकायत निवारण तंत्र और जागरूकता अभियान चलाने की जरूरत है। छात्राओं के लिए सुरक्षित माहौल सुनिश्चित करना कॉलेज प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए। इस मामले में पुलिस और कॉलेज प्रशासन की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हैं।



