लखनऊ, 7 मई। भारतीय वायुसेना ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत 6-7 मई की रात पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में 9 आतंकी ठिकानों पर एयर स्ट्राइक की। यह कार्रवाई 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जवाब थी, जिसमें 26 लोग, ज्यादातर पर्यटक, मारे गए थे। इस हमले की जिम्मेदारी लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े संगठन TRF ने ली थी। भारतीय रक्षा मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा कि स्ट्राइक में लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी ठिकाने नष्ट किए गए।इस घटना के बाद उत्तर प्रदेश में रेड अलर्ट घोषित कर दिया गया। खासकर नेपाल सीमा, टोल प्लाजा, और प्रमुख शहरों जैसे लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, और गोरखपुर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। उत्तर प्रदेश के डीजीपी प्रशांत कुमार ने बताया कि पुलिस, PAC, और अन्य सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। संवेदनशील स्थानों पर ड्रोन निगरानी और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किए गए हैं। रेलवे स्टेशनों, बस अड्डों, और हवाई अड्डों पर जाँच बढ़ा दी गई है।केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों को 7 मई को सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल आयोजित करने के निर्देश दिए हैं, जिसके तहत यूपी के 19 जिलों में सायरन बजाए जाएँगे। यह ड्रिल युद्ध या आपात स्थिति में नागरिकों को तैयार करने के लिए है। गृह मंत्रालय ने कहा कि 1971 के युद्ध के बाद यह पहला मौका है जब इतने बड़े पैमाने पर मॉक ड्रिल हो रही है।पाकिस्तान ने भारत की इस कार्रवाई के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित किया और अपनी संसद में राष्ट्रीय एकता की बात कही। पाकिस्तानी रक्षा मंत्री ने युद्ध की चेतावनी दी, जबकि भारत के गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि यह आतंकवाद के खिलाफ सटीक जवाब था। अंतरराष्ट्रीय समुदाय, खासकर अमेरिका और चीन, ने दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है। यूपी में जनता के बीच तनाव का माहौल है, और प्रशासन ने अफवाहों से बचने की सलाह दी है।



