लखनऊ, 4 जून। मशहूर व मअरूफ डॉक्टर व ज़ाकिरे अहलेबैत जनाब असद अब्बास साहब के वालिदे माजिद जनाब सय्यद अतहर हुसैन मरहूम इब्ने सय्यद अख्तर हुसैन मरहूम के इसाले सवाब के सिलसिले में 5 जून 2025 को बरोज़ जुमेरात, शब 8:30 बजे, सज्जाद बाग इलाके में वाक़ेह हुसैनिया क़ायमा खातून में शबे शहादत हजरत मुस्लिम (अ.स.) की एक मजलिस ए अज़ा का एहतेमाम किया गया है।
डॉ. असद अब्बास साहब न केवल एक माहिर डॉक्टर और ज़ाकिरे अहलेबैत हैं, बल्कि एक फरिश्ता सिफत इंसान भी हैं, जिन्हें लोग उनकी नेकी, इमानदारी और मददगार स्वभाव के लिए बेहद सम्मान देते हैं। उनके वालिदे माजिद
जनाब सय्यद अतहर हुसैन मरहूम भी एक बेहद नेक, शरीफ और इमानदार शख्सियत थे। वह एक मशहूर वकील थे, जिन्होंने हमेशा जायज़ और लीगल मुकदमों को ही स्वीकार किया और कभी भी झूठे या गलत मुकदमों को नहीं लिया। उनकी इमानदारी और नेकी का आलम यह था कि वह हर जरूरतमंद की मदद के लिए हमेशा तैयार रहते थे। उनकी औलाद, डॉ. असद अब्बास में भी यही नेकी और इंसानियत की झलक देखी जाती है, जो उनके वालिद की परवरिश और तालीम का सबूत है। हर साल की तरह इस साल भी उनकी याद में यह मजलिस आयोजित की जा रही है।मजलिस का आगाज़ तिलावते कलाम ए पाक से क़ारी नदीम नजफी साहब करेंगे, जिसके बाद सोज़ ख्वान जनाब औन साहब अपने मख्सूस अंदाज़ में सोज़ वा सलाम पेश फरमाएंगे। इसके बाद मुंतखब शोअराए कराम बारगाहे हज़रत मुस्लिम (अ.स.) में मंजूम नज़रानए अक़ीदत पेश करेंगे। मजलिस को मौलाना फैज़ अब्बास मशहदी साहब खिताब फरमाएंगे। तमाम मोमेनीन से डॉक्टर असद अब्बास,सैफ अब्बास और मुर्तुजा अब्बास ने कसीर तादाद में शिरकत की गुज़ारिश की है।




