लखनऊ, 15 मई। लखनऊ के प्रख्यात मरसिया ख्वान औन जैदी साहब की वालिदा मरहूमा इक्तेदार ज़हरा बिन्ते मुहम्मद असकरी के इसाले सवाब के लिए एक विशेष मरसिया ख्वानी की मजलिस का आयोजन किया जा रहा है। यह पवित्र मजलिस बज़्में मरसिया ख्वानी और दबिस्ताने मरसिया ख्वानी के तत्वावधान में 17 मई 2025 को शाम 8:30 बजे हुसैनिया क़ायमा खातून, सज्जाद बाग, लखनऊ में होगी।इस मजलिस को मशहूर मरसिया ख्वान सुबूही जैदी साहब खिताब करेंगे, जिनकी मरसिया ख्वानी अपनी भावपूर्ण शैली और अहलेबैत (अ.स.) के प्रति गहरी अकीदत के लिए जानी जाती है। मजलिस की शुरुआत तिलावते कलामे पाक से होगी, जिसके बाद मशहूर शायर बारगाहे अहलेबैत (अ.स.) में मंज़ूम नजरानए अकीदत पेश करेंगे। यह आयोजन मरहूमा की याद को ताज़ा करने और उनकी रूह को इसाले सवाब पहुंचाने का एक भावनात्मक और आध्यात्मिक अवसर होगा।
आली जनाब औन जैदी साहब की ओर से इस मजलिस का ऐलान किया गया है। उन्होंने तमाम मोमिनीन से इस पवित्र अवसर पर अधिक से अधिक संख्या में शिरकत करने की गुज़ारिश की है। हुसैनिया क़ायमा खातून, जो सज्जाद बाग में स्थित है, लखनऊ के धार्मिक और सांस्कृतिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण स्थान रखता है। यह मजलिस इस स्थान की शान को और बढ़ाएगी।



